बुलंदशहर के शिकारपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक और पूर्व मंत्री अनिल शर्मा को गुरुवार को उनके पैतृक गांव सुरजावली में अंतिम विदाई दी गई। राजकीय सम्मान के साथ हुए उनके अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में समर्थक और जनप्रतिनिधि शामिल हुए। दोपहर करीब 12 बजे उनके बेटे कुश शर्मा ने उन्हें मुखाग्नि दी, जिसके बाद वे पंचतत्व में विलीन हो गए। अंतिम संस्कार से पहले पुलिस बल की ओर से उन्हें सलामी दी गई। 63 वर्षीय अनिल शर्मा का बुधवार को दिल्ली के एक अस्पताल में निधन हो गया था, जहां वे कैंसर के उपचार के लिए भर्ती थे। उनके निधन की सूचना के बाद से ही इलाके में शोक की लहर दौड़ गई थी। अंतिम दर्शन के लिए बुधवार देर रात से ही गांव में लोगों का तांता लगा रहा। भारी भीड़ को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे और इंटर कॉलेज परिसर के साथ-साथ मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था। अपने चार बार के राजनीतिक कार्यकाल में उन्होंने विभिन्न जिम्मेदारियां संभाली थीं, जिनमें योगी सरकार के पहले कार्यकाल में मिला वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री का पद भी शामिल था। इस अंतिम अवसर पर भाजपा के कई वरिष्ठ नेता, मंत्री और जिले के आला अधिकारी मौजूद रहे। सभी ने उनके पार्थिव शरीर पर श्रद्धासुमन अर्पित कर उन्हें नम आंखों से विदाई दी। उनके राजनीतिक सफर की शुरुआत प्रधानी से हुई थी और खुर्जा तथा शिकारपुर विधानसभा सीटों से जीत दर्ज कर उन्होंने एक लंबी राजनीतिक पारी खेली थी।