आगरा में धनौली के पास बन रहे नए सिविल एन्क्लेव का निर्माण कार्य अब अपने अंतिम चरणों की ओर बढ़ रहा है। लगभग 570 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किए जा रहे इस अत्याधुनिक एयरपोर्ट का 73 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। अधिकारियों के मुताबिक, दिसंबर 2026 तक इसे यात्रियों के लिए पूरी तरह शुरू करने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है।
नया एयरपोर्ट न केवल शहर की कनेक्टिविटी को नई रफ्तार देगा, बल्कि सुविधाओं के मामले में भी आधुनिक मानकों के अनुरूप होगा। इस एयरपोर्ट की डिजाइन क्षमता एक साथ 1400 यात्रियों की होगी। यात्रियों के सुगम सफर के लिए यहाँ 19 चेक-इन काउंटर और डिजी यात्रा जैसी आधुनिक तकनीक की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। एप्रन का निर्माण अंतिम दौर में है, जहाँ एक साथ नौ विमानों को पार्क करने की जगह होगी।
वाहनों की पार्किंग के लिए भी व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। परिसर में 400 कारों की क्षमता वाली मल्टी-लेवल पार्किंग के साथ-साथ 200 वाहनों के लिए ओपन पार्किंग भी विकसित की जा रही है। पर्यावरण के प्रति जागरूकता दिखाते हुए टर्मिनल में लगभग 500 किलोवाट क्षमता का सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा, इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए 33 चार्जिंग पॉइंट भी बनाए जा रहे हैं।
यात्रियों को टर्मिनल से सीधे विमान तक पहुँचाने के लिए बोर्डिंग सुविधा भी उपलब्ध होगी। रनवे से जुड़े कार्यों के लिए वायुसेना से आवश्यक अनुमति मांगी गई है, जिसके मिलते ही निर्माण प्रक्रिया को और गति मिलेगी। इस एयरपोर्ट के तैयार होने से आगरा आने वाले पर्यटकों और स्थानीय निवासियों को बड़ी राहत मिलेगी।