उत्तर प्रदेश से मानसून अब धीरे-धीरे विदाई लेने की राह पर है। IMD के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, प्रदेश के अधिकतर जिलों में मानसून का प्रभाव काफी कमजोर पड़ गया है और आने वाले दिनों में बारिश का दौर थमने वाला है। राज्य के करीब 50 जिलों में अब तेज बारिश की संभावना न के बराबर है, जहां लोग हल्की धूप का अनुभव करेंगे।
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार मानसून की विदाई तय समय के अनुरूप होने की उम्मीद है। सामान्य तौर पर मानसून 17 सितंबर तक प्रदेश से वापस लौट जाता है, और इस बार भी मौसम की स्थितियां इसी ओर संकेत कर रही हैं। लखनऊ सहित मध्य और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में बुधवार से बारिश का दौर रुक जाएगा। हालांकि, मानसून के आखिरी चरण में होने के कारण कहीं-कहीं छिटपुट बरसात की संभावना बनी रहेगी।
राजधानी लखनऊ की बात करें तो बुधवार को यहां अधिकतम तापमान 32.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। शहर में उमस बढ़ने के आसार हैं, क्योंकि बारिश के बाद मौसम साफ होने पर धूप का असर बढ़ेगा। प्रदेश के करीब 45 जिलों में दिन का तापमान सामान्य के करीब बना हुआ है।
आने वाले छह दिनों यानी 14 सितंबर तक राज्य के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों के लिए बारिश को लेकर कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है। चित्रकूट, देवरिया और गोरखपुर जैसे कुछ जिलों में बुधवार और गुरुवार को छिटपुट बरसात हो सकती है, जिसके बाद अधिकांश क्षेत्रों में मौसम शुष्क रहने और धूप निकलने के आसार हैं। कुल मिलाकर, राज्य अब मानसून के बाद के मौसम की ओर बढ़ रहा है, जहाँ बारिश की गतिविधियों में उल्लेखनीय कमी देखी जाएगी।